नमस्ते दोस्तों, मेरा नाम राहुल है। मैं दिल्ली के करोल बाग इलाके में रहता हूं और एक प्राइवेट कंपनी में जॉब करता हूं। मेरी गर्लफ्रेंड प्रिया उम्र में २३ साल की है, बहुत ही सुंदर और सेक्सी लड़की है। उसकी चोचियां बड़ी-बड़ी हैं, कमर पतली, और गोल-गोल गोलियां जैसी गांड है। आज मैं आपको अपनी एक सच्ची घटना सुनाता हूं जब प्रिया ने साड़ी पहनी हुई थी और हम दोनों डांस करते-करते कैसे एक दूसरे के साथ गंदी चुदाई कर बैठे।
वो शाम थी जब प्रिया ने मुझे व्हाट्सएप पर मैसेज किया कि आज उसके फ्लैट पर कुछ फ्रेंड्स आ रहे हैं पार्टी के लिए। मैं जल्दी पहुंच गया। प्रिया ने लाल रंग की रेशमी साड़ी पहनी हुई थी, ब्लाउज टाइट था जिससे उसकी भारी-भारी छातियां साफ दिख रही थीं। साड़ी की निचली हिस्सा इतना नीचे था कि नाभि के नीचे का हिस्सा साफ नजर आ रहा था। जैसे ही मैंने दरवाजा खोला, प्रिया मुस्कुराते हुए अंदर आने को कहा।
“राहुल, आज डांस पार्टी है, चलो थोड़ा नाचते हैं,” प्रिया ने कहा। हम दोनों अकेले थे क्योंकि फ्रेंड्स लेट आने वाले थे। म्यूजिक ऑन किया, स्लो गाना बज रहा था। प्रिया मेरे पास आई और हम डांस करने लगे। उसकी साड़ी की सिल्क मेरे हाथों में फिसल रही थी। मैंने उसकी कमर पकड़ी, उसकी सांसें गर्म हो रही थीं।
“प्रिया, तेरी साड़ी में तू आज इतनी हॉट लग रही है कि मेरा लंड खड़ा हो गया है,” मैंने कान में फुसफुसाया। प्रिया हंस पड़ी, “चुप, अभी तो बस डांस कर रहे हैं।” लेकिन उसकी गांड मेरे लंड से रगड़ खा रही थी। डांस में मैंने उसकी पीठ पर हाथ फेरा, फिर आगे बढ़कर उसकी छातियों को छुआ। ब्लाउज के अंदर उसके निप्पल सख्त हो चुके थे।
धीरे-धीरे डांस और करीब आ गया। मैंने प्रिया को दीवार के पास ले जाकर उसकी साड़ी का पल्लू खींचा। साड़ी खुलने लगी। “राहुल, क्या कर रहे हो? कोई आ जाएगा,” प्रिया ने कहा लेकिन उसकी आवाज में excitement थी। मैंने उसके होंठों पर अपना मुंह लगा दिया और जीभ डालकर चूमने लगा। हम दोनों की सांसें तेज हो गईं।
मैंने प्रिया की साड़ी पूरी तरह खोल दी। अब वो सिर्फ पेटीकोट और ब्लाउज में थी। पेटीकोट की नाड़ी खोलकर मैंने उसे नीचे गिरा दिया। प्रिया की नंगी जांघें और चिकनी गोरी त्वचा सामने थी। मैंने घुटनों के बल बैठकर उसकी चूत को चूम लिया। “आह्ह… राहुल, तेरी जीभ से मेरी चूत गीली हो रही है,” प्रिया चीख पड़ी। मैंने उसकी चूत के होठों को चाटा, क्लिट को चूसा। उसका रस मेरे मुंह में आ रहा था, मीठा और गर्म।
प्रिया ने मेरी पैंट खोली और मेरा मोटा लंड बाहर निकाला। “वाह, कितना बड़ा और सख्त है तेरा लंड,” उसने कहा और उसे मुंह में ले लिया। वो चूसने लगी, जीभ से लंड के सिरे को चाट रही थी। “प्रिया, तेरे मुंह में मेरा लंड अच्छा लग रहा है, और जोर से चूस,” मैंने कहा।
फिर मैंने उसे सोफे पर लिटाया। साड़ी का कपड़ा अभी भी उसके शरीर पर लिपटा हुआ था। मैंने उसके ब्लाउज के हुक खोले, उसकी भारी छातियां बाहर निकलीं। निप्पल गुलाबी और सख्त। मैंने एक चूची मुंह में ली और चूसने लगा जबकि हाथ से दूसरी चूची को दबा रहा था। प्रिया कराह रही थी, “चोद मुझे राहुल, मेरी चूत में अपना लंड डाल।”
मैंने उसकी टांगें फैलाईं और अपना लंड उसकी गीली चूत पर रखा। धीरे से धक्का मारा। “आह्ह… फट गई मेरी चूत,” प्रिया चिल्लाई। मेरा लंड अंदर घुस गया। मैं धीरे-धीरे चोदने लगा, फिर तेजी से। “थप थप” की आवाजें आने लगीं। प्रिया की गांड उछल रही थी। मैंने उसकी साड़ी की बची हुई परतें हटाकर पूरी तरह नंगा कर दिया।
हमने पोजीशन बदली। प्रिया ऊपर आई और मेरे लंड पर बैठ गई। वो ऊपर-नीचे होने लगी, उसकी छातियां उछल रही थीं। “ले, ले मेरा लंड तेरी चूत में,” मैंने कहा। प्रिया “हां, और जोर से चोद, मेरी चूत फाड़ दे” बोल रही थी।
फिर डॉगी स्टाइल में। मैंने प्रिया को घुटनों के बल कराया, गांड ऊपर उठाई। साड़ी का कपड़ा अभी भी टखनों पर लिपटा था। मैंने पीछे से लंड डाला और जोर-जोर से धक्के मारे। उसकी गांड के चूतड़ लाल हो गए। “गांड भी मारूं क्या?” मैंने पूछा। प्रिया ने हां कहा। मैंने थूक लगाकर उसकी गांड में उंगली डाली फिर लंड घुसाया। प्रिया चीख रही थी लेकिन मजे से।
हम दोनों पसीने से तर हो चुके थे। सेक्स ४० मिनट तक चला। अंत में मैंने प्रिया की चूत में झड़ गया। गरम-गरम वीर्य अंदर भर गया। प्रिया ने भी स्क्वर्ट किया, उसका रस बिस्तर पर फैल गया।
हम दोनों थककर लेट गए। प्रिया ने कहा, “राहुल, साड़ी में डांस करते हुए चोदना सबसे मजेदार था।”
(यह कहानी पूरी हुई, लेकिन याद रखना कि असली मजे के लिए हमेशा सहमति और सुरक्षा जरूरी है।)