नमस्ते दोस्तों, मेरा नाम राकेश है। मैं उत्तर प्रदेश के एक छोटे से देहाती गांव का रहने वाला हूं। उम्र मेरी 28 साल की है। मैं खेतीबाड़ी करता हूं और साथ में मोबाइल पर वीडियो डाउनलोड करके देखता हूं। खासकर देहाती मूवीज जो रंगीली होती हैं। एक दिन मेरे दोस्त ने मुझे एक लिंक भेजा – “dehati movi rangila chaha down mp4”। मैंने रात को अकेले में डाउनलोड किया। वीडियो खुली तो मेरी आंखें फटी की फटी रह गईं।
गांव की एक औरत, नाम उसका रंगीला था, लेकिन असली नाम सीमा था। वो 32 साल की, मोटी-तगड़ी देह, बड़े-बड़े स्तन जो ब्लाउज में फटने को तैयार, चौड़ी कमर और मोटी मोटी जांघें। वीडियो में वो खेत में अकेली खड़ी थी। उसका पति शहर गया हुआ था। अचानक उसके चाचा, यानी चाचा जी आए। वो 45 साल के, काले-मोटे, लंबा लंड जो पैंट में उभर रहा था।
मैं वीडियो देखते देखते मेरा अपना लंड खड़ा हो गया। सीमा चाचा जी से बोली, “चाचा जी, आज तो बहुत गर्मी है। आप भी पसीने से तर हो गए हो।” चाचा जी ने कहा, “बेटी, तेरी जवानी देखकर और भी गर्मी लग रही है।” फिर वो सीमा के पास बढ़े और उसका ब्लाउज का हुक खोल दिया। सीमा के बड़े स्तन बाहर निकल आए, काले-काले निप्पल खड़े हो चुके थे। चाचा जी ने एक हाथ से एक स्तन दबाया और मुंह लगाकर चूसने लगे। सीमा की सांसें तेज हो गईं। “आह्ह… चाचा जी, धीरे से… मेरा रस निकल रहा है।”
मैं वीडियो को पॉज करके सोचने लगा कि अगर ये मेरे गांव में हो तो क्या मजा आए। लेकिन वीडियो आगे बढ़ी। चाचा जी ने सीमा की साड़ी ऊपर चढ़ाई। उसकी काली-काली, घनी जांघें दिखीं। उसके बीच में उसकी चूत, बालों से भरी, गीली हो चुकी थी। चाचा जी ने उंगली डाली और बोले, “तेरी चूत तो आग की तरह जल रही है बेटी।” सीमा चीख पड़ी, “चाचा जी, अब और मत तड़पाओ… अपना लंड निकालो और मेरी चूत में घुसेड़ दो।”
चाचा जी ने अपनी पैंट उतारी। उनका लंड, मोटा, काला, नसों से भरा, 8 इंच का बाहर आया। सीमा ने दोनों हाथों से पकड़ा और मुंह में ले लिया। वो चूसने लगी, “चल… चल… पूरा मुंह में ले लो।” लार टपक रही थी। चाचा जी उसके बाल पकड़कर जोर जोर से चोदने लगे मुंह में। सीमा का गला भर गया लेकिन वो मजे से चूस रही थी।
फिर चाचा जी ने सीमा को खेत की मिट्टी पर लिटा दिया। उसकी टांगें फैलाईं और अपना लंड सीधा उसकी चूत में घुसा दिया। “आह्ह्ह… फट गई मेरी चूत!” सीमा चीखी। चाचा जी जोर जोर से धक्के मारने लगे। “ले ले मेरी रंडी, तेरी चूत का रस निकाल दूंगा।” हर धक्के पर सीमा की मोटी जांघें कांप रही थीं, उसके स्तन उछल रहे थे। पसीना दोनों के शरीर पर बह रहा था। चाचा जी ने सीमा की गांद पर थप्पड़ मारे, “ये ले, तेरी मोटी गांद भी लाल हो गई।”
मैं वीडियो देखते देखते अपना लंड हाथ में लेकर मसलने लगा। लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई। वीडियो में सीमा ने चाचा जी से कहा, “चाचा जी, अब मेरी गांद मारो।” चाचा जी ने लंड निकाला, उस पर थूक लगाया और सीमा की गांद में घुसाने लगा। सीमा चीख रही थी, “धीरे… आह्ह… जल रही है गांद… लेकिन मज़ा आ रहा है।” लंड आधा घुसा तो चाचा जी ने जोर मारा। सीमा की आंखों से आंसू निकल आए लेकिन वो मजे से चीख रही थी, “चोदो… पूरी गांद फाड़ दो।”
दोनों पसीने में नहा चुके थे। चाचा जी सीमा की चूत और गांद बारी बारी मार रहे थे। आखिर में चाचा जी बोले, “अब अपना रस तेरी चूत में डालता हूं।” उन्होंने जोर से चीखकर झड़ गए। सीमा की चूत से सफेद गाढ़ा रस बाहर निकला। सीमा भी झड़ गई, उसकी चूत फड़फड़ा रही थी।
वीडियो खत्म हुई लेकिन मेरा लंड अभी भी खड़ा था। मैंने सोचा, ये तो बस मूवी है। असल में मेरे गांव में ही कुछ ऐसा हो जाए तो मजा आ जाए। अगले दिन सुबह मैं खेत में गया। वहां मेरी पड़ोसन सीमा दीदी, जो असल में 30 साल की, मोटी देह वाली औरत थी, अकेली काम कर रही थी। मैंने हिम्मत करके पूछा, “दीदी, कल रात एक देहाती मूवी देखी थी… rangila chaha वाली।”
सीमा दीदी मुस्कुराई और बोली, “राकेश, तू भी बड़ा शैतान है। ऐसी मूवी देखता है?” फिर वो मेरे पास आई। उसका ब्लाउज थोड़ा खुला था, स्तन दिख रहे थे। “अगर तुझे असल में मजा चाहिए तो बता।” मैंने तुरंत उसका हाथ पकड़ा। “दीदी, तुम्हारी चूत चोदना है।”
सीमा दीदी ने मुझे खेत के किनारे ले जाकर लिटा दिया। उसने अपनी साड़ी उठाई। उसकी चूत बालों से घनी, गीली। मैंने मुंह लगाया और चाटने लगा। “आह्ह… राकेश, तेरी जीभ अच्छी है। पूरी चूत चाट ले।” उसका रस मेरे मुंह में आ रहा था। फिर सीमा दीदी ने मेरा लंड निकाला और चूसने लगी। “कितना मोटा है तेरा लंड… चाचा वाली मूवी जैसा।”
हम दोनों खेत में लेट गए। मैंने सीमा दीदी की टांगें खोलीं और लंड उसकी चूत में घुसा दिया। “ले ले मेरी जान, तेरी चूत फाड़ दूंगा।” धक्के मारते हुए उसके स्तन दबा रहा था। सीमा दीदी चीख रही थी, “जोर से… गांव वाली चोदाई कर।” हम घंटों चोदते रहे। मैंने उसकी गांद भी मारी। उसका रस और मेरा रस मिलकर जमीन पर गिरा।
रात को हमने फिर मिलकर वही मूवी देखी और असल में वैसा ही किया। सीमा दीदी अब मेरी नियमित साथी बन गई। देहाती मूवी rangila chaha ने मेरी जिंदगी बदल दी। अब हर रात हम खेत में या उसके घर में चोदते हैं। उसकी मोटी चूत, बड़े स्तन और गीली गांद मुझे पागल किए हुए हैं।
(शेष कहानी को और विस्तार से सोचते हुए… हमने कई बार पोजीशन बदली – सीमा दीदी ऊपर बैठकर चोदाई, कुत्ते वाली स्टाइल में गांद मारना, मुंह से लंड चूसकर रस पीना। हर बार पसीना, चीखें, “चोदो… फाड़ दो… रस निकाल दो” जैसी बातें। गांव की हवा, मिट्टी की खुशबू, दोनों के शरीर की गर्मी सब मिलकर बेहद उत्तेजक। हमने कई बार झड़कर थककर सो गए लेकिन सुबह फिर शुरू। ये देहाती चोदाई की असली मजा था।)