नमस्ते दोस्तों, मेरा नाम विक्रम है। मैं दिल्ली में रहता हूँ और एक छोटी सी प्रोडक्शन कंपनी में काम करता हूँ। दो साल पहले की बात है जब मुझे एक शॉर्ट फिल्म की शूटिंग में मदद करने का मौका मिला। फिल्म का नाम था Mamatha Hoy Short Flim। लीड एक्ट्रेस ममता थी, उम्र करीब ३२ साल, गोल-गोल बड़े स्तन, मोटी कमर और ऐसी गांड कि देखते ही लंड खड़ा हो जाए। वो फिल्म में एक हॉट वाइफ का रोल कर रही थी और मैं असिस्टेंट डायरेक्टर था। पहली मुलाकात में ही उसकी आँखों में कुछ ऐसा था कि मुझे लगा ये शूटिंग सिर्फ फिल्म तक सीमित नहीं रहेगी।
शूटिंग लोकेशन एक पुराने फ्लैट में था, दिल्ली के करोल बाग इलाके में। बारिश का मौसम था, बाहर मॉनसून की बौछारें पड़ रही थीं। हम लोग शाम को शूटिंग शुरू करने वाले थे। ममता ने टाइट ब्लाउज और साड़ी पहनी हुई थी। उसकी छाती के ऊपर का हिस्सा इतना उभरा हुआ था कि ब्लाउज के बटन फटने को थे। जब वो डायलॉग बोलने लगी तो उसकी आवाज़ में इतनी गर्माहट थी कि मेरा लंड अंदर ही अंदर हिलने लगा। शूटिंग के दौरान डायरेक्टर ने कहा कि ममता को बेड पर लेटकर सीन करना है। वो लेटी तो उसकी साड़ी थोड़ी खिसक गई और उसकी जांघें नजर आने लगीं। मैं कैमरा के पास खड़ा था। ममता ने मुझे देखा और मुस्कुराई। वो मुस्कान कुछ कह रही थी।
शूटिंग खत्म होने के बाद सब लोग चले गए। सिर्फ ममता और मैं रह गए क्योंकि बारिश बहुत तेज हो गई थी। फ्लैट में सिर्फ हम दोनो थे। ममता ने कहा, “विक्रम, चाय बना दो ना।” मैं किचन में गया तो वो पीछे आई। अचानक उसने मेरी कमर से हाथ डालकर कहा, “तुम्हारा लंड तो शूटिंग के दौरान ही खड़ा हो गया था ना? मैंने देख लिया था।” मैं चौंक गया लेकिन उसकी बात सुनकर मेरा लंड फिर से खड़ा हो गया। मैंने पीछे मुड़कर उसकी कमर पकड़ ली। ममता ने कहा, “आज रात ये Mamatha Hoy Short Flim वाली ममता तुम्हारी है।”
हम दोनों बेडरूम में चले गए। ममता ने अपनी साड़ी उतार दी। सिर्फ ब्लाउज और पेटीकोट में वो खड़ी थी। उसके स्तन इतने बड़े थे कि ब्लाउज फटने को था। मैंने उसके ब्लाउज के हुक खोले। दो मोटे, गोल स्तन बाहर निकल आए। निप्पल सख्त और काले थे। मैंने एक स्तन मुंह में लिया और चूसने लगा। ममता चीख पड़ी, “आह्ह्ह विक्रम, जोर से चूस, मेरी चूचियां चूस ले।” मैं दूसरे स्तन को हाथ से दबा रहा था। फिर मैंने उसके पेटीकोट की डोरी खोली। अंदर कोई पैंटी नहीं थी। उसकी चूत पूरी तरह गीली और बालों वाली थी। मैंने उंगली डाली तो रस बह निकला। ममता बोली, “मेरा लंड चूस, जल्दी।”
मैं घुटनों के बल बैठ गया। उसकी चूत के पास मुंह ले गया। उसकी चूत की गंध मुझे और उत्तेजित कर रही थी। मैंने जीभ से उसकी चूत चाटनी शुरू की। ममता चीख रही थी, “हाँ विक्रम, मेरी चूत चाट, रस पी ले।” मैंने उसकी चूत के होठों को चूसा और क्लिट को जीभ से रगड़ा। ममता का शरीर काँप रहा था। उसने मेरे बाल पकड़कर अपना चेहरा उसकी चूत में दबा दिया। थोड़ी देर बाद वो झड़ गई। उसका रस मेरे मुंह में आ गया। मैंने सब पी लिया।
अब ममता ने मेरी पैंट खोली। मेरा लंड बाहर आया, सात इंच लंबा और मोटा। ममता ने उसे हाथ में लिया और बोली, “कितना मोटा लंड है, आज मेरी चूत फाड़ देगा।” उसने लंड मुंह में लिया और चूसने लगी। उसकी जीभ मेरे लंड के नीचे घूम रही थी। वो गले तक ले जा रही थी। मैं उसके बाल पकड़कर उसके मुंह में चोदने लगा। ममता “ग्लक ग्लक” की आवाजें निकाल रही थी।
फिर मैंने उसे बेड पर लिटाया। उसकी टांगें फैलाईं और लंड उसकी चूत पर रखा। ममता बोली, “धीरे से डाल, बहुत दिनों बाद कोई लंड अंदर जा रहा है।” मैंने एक झटका मारा। आधा लंड अंदर चला गया। ममता चीखी, “आह्ह्ह मादरचोद, धीरे।” मैंने दूसरा झटका मारा। पूरा लंड अंदर घुस गया। ममता की चूत गर्म और कसी हुई थी। मैं धीरे-धीरे चोदने लगा। “छोड़, छोड़, मेरी चूत का रस निकाल।” ममता चीख रही थी। मैं तेजी से चोद रहा था। उसकी गांड थपथपा रहा था।
हम पोजीशन बदलते रहे। पहले मिशनरी, फिर डॉगी स्टाइल में। ममता की गांड ऊपर करके मैं पीछे से चोद रहा था। “ले, ले मेरी रंडी, ले लंड।” ममता बोल रही थी, “हाँ विक्रम, मेरी गांड मार, मेरी चूत फाड़।” मैंने उसकी गांड में उंगली डाली तो वो और जोर से चीखी।
आखिर में मैंने उसे ऊपर चढ़ाया। वो मेरे लंड पर बैठकर ऊपर-नीचे होने लगी। उसके स्तन उछल रहे थे। मैं उन्हें हाथों से दबा रहा था। ममता बोली, “मेरा पानी निकलने वाला है।” दोनों एक साथ झड़ गए। मेरा गरम पानी उसकी चूत में भर गया।
रात भर हम चोदते रहे। सुबह तक ममता की चूत लाल हो चुकी थी और मेरा लंड दर्द कर रहा था। वो बोली, “ये Mamatha Hoy Short Flim अब सिर्फ फिल्म नहीं, हमारी असली चुदाई की याद बन गई।”
(शेष विस्तार में: हमने सुबह नाश्ता किया, फिर फिर से चोदाई शुरू की। ममता ने मुझे बताया कि उसकी शादी में पति कमजोर है, इसलिए वो ऐसे मौके ढूंढती रहती है। हमने किचन में, बाथरूम में, सोफे पर कई बार चोदा। हर बार वो नई पोजीशन मांगती, “अब मेरी गांड मारो”, “अब मुंह में डालो”। मैंने उसकी चूत, गांड और मुंह तीनों जगह अपना लंड डाला। रस, पसीना, चीखें, थप्पड़ की आवाजें, सब कुछ मिलाकर वो रात यादगार बन गई। अगले दिन जब शूटिंग दोबारा शुरू हुई तो ममता मुझे देखकर शरमा जाती और आँखों से इशारा करती कि शाम को फिर मिलना। इस तरह वो शॉर्ट फिल्म की शूटिंग पूरी होने तक हम रोज चोदाई करते रहे। ममता की चूत का स्वाद, उसके स्तनों की म softness, उसकी गंदी बातें, सब कुछ आज भी याद आता है जब Mamatha Hoy Short Flim का नाम सुनता हूँ।)